लखनऊ अग्निकांड में 6 लोगों की दर्दनाक मौत, जान बचाने के लिए छत से कूदे कई छात्र, मची अफरा-तफरी

लखनऊ के अलीगंज इलाके में स्थित एक कोचिंग सेंटर और गेमिंग ज़ोन में लगी भीषण आग ने बड़ा हादसा खड़ा कर दिया। आग इतनी तेजी से फैली कि कई लोग अंदर फंस गए, जबकि जान बचाने के लिए कुछ छात्रों को छत और खिड़कियों से कूदना पड़ा। हादसे में 6 लोगों की मौत की खबर है और कई अन्य घायल हुए हैं।

Jun 22, 2026 - 17:27
 0  0
लखनऊ अग्निकांड में 6 लोगों की दर्दनाक मौत, जान बचाने के लिए छत से कूदे कई छात्र, मची अफरा-तफरी

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ सोमवार को एक दर्दनाक अग्निकांड का गवाह बनी। अलीगंज के पुरनिया इलाके में स्थित एक कोचिंग सेंटर और गेमिंग ज़ोन में अचानक भीषण आग लग गई, जिसने कुछ ही मिनटों में पूरे भवन को अपनी चपेट में ले लिया। इस हादसे ने न सिर्फ इलाके में दहशत फैला दी, बल्कि कई परिवारों को गहरा सदमा भी पहुंचाया।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग लगने के बाद भवन में मौजूद लोगों के बीच अफरा-तफरी मच गई। धुएं और आग की लपटों ने कुछ ही देर में ऊपरी मंजिलों को घेर लिया, जिससे कई छात्र और कर्मचारी अंदर फंस गए। जान बचाने के लिए कुछ छात्रों ने खिड़कियों और छत से कूदने का जोखिम उठाया। घटना के वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं, जिनमें लोग रस्सियों और अस्थायी इंतजामों की मदद से बाहर निकलते दिखाई दे रहे हैं।

शुरुआती रिपोर्टों के मुताबिक हादसे में 6 लोगों की मौत हो गई, जबकि कई अन्य लोग घायल हुए हैं। घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पतालों में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। मृतकों की पहचान करने और उनके परिजनों को सूचना देने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।

घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग, पुलिस, SDRF और प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंच गईं। कई फायर टेंडरों की मदद से आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू किया गया। बचाव दल ने भवन में फंसे लोगों को बाहर निकालने के लिए विशेष अभियान चलाया। कई घंटों की मशक्कत के बाद आग पर नियंत्रण पाया जा सका।

इस हादसे ने एक बार फिर कोचिंग संस्थानों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पिछले वर्षों में भी लखनऊ के कई कोचिंग सेंटरों में फायर सेफ्टी मानकों की कमी को लेकर चेतावनियां जारी की गई थीं। रिपोर्ट्स में सामने आया था कि शहर के कई संस्थान पर्याप्त अग्नि सुरक्षा उपकरणों, आपातकालीन निकास और सुरक्षा मानकों के बिना संचालित हो रहे थे।

स्थानीय लोगों का आरोप है कि यदि भवन में पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम होते और आपातकालीन निकास की व्यवस्था बेहतर होती, तो जान-माल का नुकसान कम किया जा सकता था। प्रशासन ने मामले की जांच के आदेश दे दिए हैं और आग लगने के कारणों का पता लगाया जा रहा है। शुरुआती आशंका शॉर्ट सर्किट या विद्युत खराबी की जताई जा रही है, हालांकि आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।

मुख्यमंत्री कार्यालय ने भी घटना का संज्ञान लिया है और अधिकारियों को राहत एवं बचाव कार्य तेज करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही मृतकों के परिजनों और घायलों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया है।

लखनऊ का यह अग्निकांड एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करता है कि भीड़भाड़ वाले शिक्षण संस्थानों और व्यावसायिक भवनों में सुरक्षा मानकों का पालन कितना जरूरी है। एक छोटी सी लापरवाही कैसे कुछ ही मिनटों में बड़े हादसे का रूप ले सकती है, यह घटना उसका दर्दनाक उदाहरण बन गई है। फिलहाल पूरे प्रदेश की नजर जांच रिपोर्ट और प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हुई है।

What's Your Reaction?

Like Like 0
Dislike Dislike 0
Love Love 0
Funny Funny 0
Angry Angry 0
Sad Sad 0
Wow Wow 0